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पथरौटा नहर पुल की रेलिंग की मरम्मत व मजबूतीकरण, पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था, चेतावनी संकेतक और रिफ्लेक्टर की स्थापना, बैरिकेटिंग तथा यातायात नियंत्रण सुनिश्चित किया जाए –  माया नारोलिया 

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नर्मदापुरम । राज्यसभा में शून्यकाल के दौरान मध्य प्रदेश से सांसद श्रीमती माया नारोलिया ने नर्मदापुरम जिले के इटारसी क्षेत्र की गंभीर समस्याओं को प्रमुखता से उठाया। उन्होंने विशेष रूप से इटारसी के निकट पथरौटा नहर पुल पर लगातार हो रही घातक दुर्घटनाओं का मुद्दा सदन के समक्ष रखा।

राज्यसभा सांसद श्रीमती माया नारोलिया ने कहा कि यह एक अत्यंत महत्वपूर्ण और तात्कालिक जनहित का विषय है। पिछले 20 दिनों में ही इस स्थान पर चार लोगों की कथित रूप से मौत हो चुकी है। उन्होंने इन घटनाओं को मात्र दुर्घटना नहीं, बल्कि प्रशासनिक लापरवाही का परिणाम बताया।

उन्होंने पुल की बदहाल स्थिति पर चिंता जताते हुए कहा कि यहां रेलिंग टूट-फूटकर क्षतिग्रस्त हो चुकी है, जिससे नहर की ओर खुला और खतरनाक किनारा बन गया है। इसके अलावा, स्ट्रीट लाइटिंग की कमी के कारण रात में दृश्यता बेहद कम रहती है। चेतावनी संकेतक बोर्ड, रिफ्लेक्टर, सड़क चिह्नांकन, गति नियंत्रण उपाय और बैरिकेटिंग जैसी आवश्यक सुरक्षा व्यवस्थाएं भी पूरी तरह नदारद हैं।

राज्यसभा सांसद श्रीमती माया नारोलिया ने बताया कि इस मार्ग से प्रतिदिन हजारों वाहन गुजरते हैं, जिनमें स्कूल बसें, एम्बुलेंस और अन्य यात्री व व्यावसायिक वाहन शामिल हैं। ऐसे में यह समस्या आम लोगों की सुरक्षा से सीधे जुड़ी हुई है।

उन्होंने यह भी कहा कि कई हादसों के बावजूद संबंधित विभागों की ओर से केवल अस्थायी उपाय किए गए हैं, जो समस्या का स्थायी समाधान नहीं हैं। आगामी मेलों और त्योहारों के चलते यातायात और बढ़ने की संभावना है, जिससे जोखिम और बढ़ सकता है।

माया नारोलिया ने सरकार से मांग की कि संबंधित विभागों को तत्काल निर्देश दिए जाएं और समयबद्ध तरीके से पुल की रेलिंग की मरम्मत व मजबूतीकरण, पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था, चेतावनी संकेतक और रिफ्लेक्टर की स्थापना, बैरिकेटिंग तथा यातायात नियंत्रण सुनिश्चित किया जाए।

साथ ही, उन्होंने पूरे क्षेत्र का सड़क सुरक्षा ऑडिट कराने, लापरवाही करने वालों की ज़िम्मेदारी तय करने और कार्यों की समयसीमा निर्धारित कर अनुपालन रिपोर्ट पेश करने की भी मांग की, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं पर रोक लगाई जा सके।

 

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