“संसदीय स्थाई समिति की बैठक में शामिल हुईं राज्यसभा सांसद माया नारोलिया; ‘PM-eBus सेवा’ और शहरी विकास के बजट पर दी अपनी राय”
नई दिल्ली। संसदीय शोध संस्थान एनेक्सी, नई दिल्ली में आयोजित ‘आवास एवं शहरी विकास मंत्रालय’ की स्थाई समिति (Standing Committee) की महत्वपूर्ण बैठक में मध्यप्रदेश से राज्यसभा सांसद श्रीमती माया नारोलिया ने सदस्य के रूप में सहभागिता की। इस उच्चस्तरीय बैठक में देश के शहरी परिदृश्य को आधुनिक और सुविधाजनक बनाने से संबंधित कई दूरगामी विषयों पर विस्तृत चर्चा की गई।
बजट और भविष्य की कार्ययोजना पर मंथन करते हुए बैठक के प्रथम सत्र में आवास एवं शहरी विकास मंत्रालय की वर्ष 2026-27 की अनुदान मांगों (Demands for Grants) पर स्थाई समिति की ‘ड्राफ्ट रिपोर्ट’ पर गहन विचार-विमर्श किया गया। श्रीमती नारोलिया ने समिति के अन्य सदस्यों के साथ मिलकर इस ड्राफ्ट रिपोर्ट को अपनाने और आगामी वित्तीय वर्ष में शहरी विकास की प्राथमिकताओं को तय करने पर अपनी सहमति व सुझाव दिए।
पर्यावरण अनुकूल परिवहन एवं इसकी संरक्षण की दृष्टि से उठाये गए महत्वपूर्ण कदम PM-eBus सेवा हेतु बैठक के दूसरे महत्वपूर्ण चरण में मंत्रालय के वरिष्ठ प्रतिनिधियों द्वारा केंद्र सरकार की महत्वाकांक्षी ‘PM-eBus सेवा योजना’ पर विस्तृत ब्रीफिंग दी गई। इस योजना का मुख्य उद्देश्य शहरी सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को सुदृढ़ करना और पर्यावरण प्रदूषण को कम करने के लिए इलेक्ट्रिक बसों के संचालन को बढ़ावा देना है।श्रीमती नारोलिया ने इस दौरान शहरी क्षेत्रों में प्रदूषण मुक्त और सुलभ परिवहन की आवश्यकता को रेखांकित किया। उन्होंने कहा कि:
“प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में ‘PM-eBus सेवा’ न केवल शहरी यातायात को सुगम बनाएगी, बल्कि पर्यावरण संरक्षण की दिशा में भी एक क्रांतिकारी कदम सिद्ध होगी। विशेषकर मध्यप्रदेश के उभरते शहरों में ई-बसों का संचालन आम जनमानस के जीवन को सरल और सुविधायुक्त बनाएगा।”
मध्यप्रदेश के विकास हेतु प्रतिबद्धता दर्शाते हुए श्रीमती नारोलिया ने बैठक में स्पष्ट किया कि केंद्र सरकार की योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करना उनकी प्राथमिकता है। उन्होंने आवास एवं शहरी विकास की योजनाओं को जन-आकांक्षाओं के अनुरूप धरातल पर उतारने हेतु अपनी प्रतिबद्धता दोहराई। यह बैठक संसदीय प्रक्रियाओं और विकासात्मक विजन के समन्वय का एक उत्कृष्ट उदाहरण रही, जिसमें आगामी वित्तीय वर्ष के रोडमैप को अंतिम रूप देने की दिशा में सार्थक चर्चा संपन्न हुई।
