वरिष्ठ समाजसेवी श्री शंकर लाल जी का निधन, समाज ने खोया एक प्रेरणास्रोत
नर्मदापुरम। कलचुरि ( कलार ) समाज के वरिष्ठ समाजसेवी श्री शंकर लाल का दुखद निधन हो गया है।
यह समाचार अत्यंत दुःखद और समाज के लिए अपूरणीय क्षति है, हृदयाघात के कारण उनका इंदौर में परलोक गमन हो गया है।
श्री शंकर लाल जी का जीवन समाज सेवा और संगठन की मजबूती के लिए समर्पित रहा। भारतीय स्टेट बैंक एवं क्रेडिट सोसाइटी के अध्यक्ष से सेवानिवृत्त होने के बाद उन्होंने अपना संपूर्ण समय समाज के उत्थान में लगाया। वे अखिल भारतवर्षीय हैहय कलचुरि महासभा के राष्ट्रीय सलाहकार रहे और संगठन की दिशा देने में उनका योगदान अमूल्य रहा। उनकी सोच हमेशा समाज को एकजुट करने, नई पीढ़ी को प्रेरित करने और संगठन को सशक्त बनाने की रही।उनकी सरलता, विनम्रता और सेवा भाव ने उन्हें समाज में एक विशेष स्थान दिलाया। वे न केवल संगठन के लिए मार्गदर्शक थे, बल्कि व्यक्तिगत जीवन में भी सभी के लिए प्रेरणा स्रोत बने। उनके व्यक्तित्व में अनुशासन, करुणा और समर्पण का अद्भुत संगम था। समाज के विभिन्न कार्यक्रमों में उनकी सक्रिय भागीदारी और सहयोग ने अनेक लोगों को एकजुट किया ।
उनके निधन से समाज ने एक सच्चे सेवक और मार्गदर्शक को खो दिया है। यह क्षति अपूरणीय है।
