राष्ट्रीय मानव अधिकार आयोग के सदस्य प्रियंक कानूनगो ने विभिन्न विभागों की समीक्षा की
नर्मदापुरम। राष्ट्रीय मानव अधिकार आयोग के सदस्य प्रियंक कानूनगो गुरुवार को नर्मदा पुरम जिले के प्रवास के दौरान कलेक्टर सभा कक्ष में विभिन्न विभागों की समीक्षा बैठक ले रहे थे। उन्होंने नगर पालिका अधिकारी को वार्ड नंबर 26 में स्थित एक अवैध कॉलोनी की जानकारी प्राप्त होने पर उस अवैध कॉलोनी के विरुध एफ आईआर दर्ज कर कार्रवाई करने के निर्देश दिए,साथ ही उन्होंने नगर पालिका में कार्यरत आउटसोर्स सफाई कर्मचारीयो को नियम के अनुसार वेतन का भुगतान प्राप्त न होने की शिकायत मिलने पर गहरी नाराजगी व्यक्त करते हुए नगर पालिका अधिकारी हिमेश्वरी पटले को सख्त निर्देश दिए वे नियम अनुसार कलेक्टर दर के अनुसार सभी आउट सोर्स सफाई कर्मचारियों को वेतन का भुगतान कराना सुनिश्चित करें। श्री कानूनगो ने नगर पालिका अधिकारी को सख्त हिदायत दी की वह यह सुनिश्चित करें कि ठेकेदार अपने आउटसोर्स कर्मचारी को नियम के अनुसार हर माह वेतन का भुगतान उनके बैंक खाते में कराना सुनिश्चित करें। उन्होंने सहायक श्रम अधिकारी को भी निर्देश दिए कि वह नगर पालिका से आउटसोर्स कर्मचारीयो के रोस्टर रजिस्टर लेकर उन कर्मचारियों को ठेकेदार द्वारा भुगतान की जा रही राशि का विवरण हासिल करें, यदि सफाई कर्मचारियों को कलेक्टर दर के अनुसार भुगतान नहीं किया जा रहा है तो संबंधित ठेकेदार एवं नगर पालिका अधिकारी के विरुद्ध नियम अनुसार कार्रवाई कराना सुनिश्चित करें। श्री कानूनगो ने जिले में संचालित 79 होमस्टे की जानकारी लेते हुए निर्देश दिए कि यदि महिलाएं आगे जाकर होमस्टे स्थापित करना चाहे तो उन्हें हर संभव शासन की योजनाओं का लाभ दिलाते हुए प्रोत्साहित किया जाए। उन्होंने कहा कि एनआरएलएम के माध्यम से भी आर्थिक सहायता राशि उपलब्ध कराई जा सकती है। उन्होंने होमस्टे की सफलता की कहानी ज्यादा से ज्यादा लोगों तक पहुंचाने के भी निर्देश दिए। श्री कानूनगो ने पुलिस अधीक्षक साई कृष्णा एस थोटा को निर्देश दिए कि वह यह सुनिश्चित करें कि डिजिटल जाति प्रमाण पत्र के अभाव में एट्रोसिटी सेक्शन एवं पीड़ित को राहत राशि देने में किसी भी प्रकार की रुकावट ना आए। यदि पीड़ित के पास पुराना जाति प्रमाण पत्र है तो उसे राहत देते हुए मान्य करते हुए उसे व्यक्ति को सभी आवश्यक सहूलियत दी जाए। एवं उनके द्वारा दर्ज कराए गए प्रकरण प्राथमिकता से भी दर्ज किए जाएं। श्री कानूनगो ने समीक्षा बैठक से अनुपस्थित रहने पर जिला खेल अधिकारी एवं एमपी यूडीसी के अधिकारी को कारण बताओं नोटिस देने के निर्देश दिए। श्री कानूनगो ने बताया कि शासन ने मां नर्मदा नदी को एक जीवित इकाई माना है, इसलिए मां नर्मदा नदी की निर्धारित एक निश्चित दूरी के अंदर यदि मांस और मटन की दुकान संचालित होना पाया जाता है तो अधिकारी गण तत्काल कार्रवाई करना सुनिश्चित करें। उन्होंने नगर पालिका अधिकारी से कहा कि शासन के नियम अनुसार स्लॉटर हाउस में ही पशु वध किया जा सकता है, यदि स्लॉटर हाउस के बाहर खुले में पशुओं का वध हो रहा है तो यह गंभीर चिंता एवं जांच का विषय है। उन्होंने नगर पालिका अधिकारी को सख्त हिदायत दी कि यदि खुले में उक्त घटना होती पाई जा रही है तो वह संबंधित मांस मटन विक्रेता के खिलाफ सख्त कार्रवाई करना सुनिश्चित करें। श्री कानूनगो ने समीक्षा के दौरान बताया कि बिना सिवरेज ट्रीटमेंट के मल मूत्र से अटे नाले नर्मदा नदी में गिर रहे हैं यह घोर आपत्तिजनक है, इससे नर्मदा का जल दूषित हो रहा है और भविष्य में कभी भी दूषित पेयजल से होने वाली बीमारी एवं महामारी पनप सकती है। उन्होंने नगर पालिका अधिकारी को सख्त हिदायत दी कि वह विशेष ध्यान देकर ऐसी स्थिति पर सख्त कार्रवाई करना सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार एवं राज्य सरकार अरबों रुपए की राशि मल मूत्र को नदियों में जाने से रोकने के लिए खर्च कर रही है, साथ ही पर्याप्त राशि नगरीय निकायों को भी दे रही है ताकि वे मल मूत्र को सीधे नदियों में जाने से रोके लेकिन अभी तक संबंधित अधिकारी द्वारा समय अनुरूप एवं विधी अनुरूप कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है जो की आपत्तिजनक है। उन्होंने नगर पालिका अधिकारी के विरुध कार्रवाई करने के भी निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि उन्होंने प्रातः ही अपने भ्रमण के दौरान देखा कि नर्मदा नदी के एक घाट पर एक-एक मीटर के पाइप लगाकर अपशिष्ट पदार्थ से भरे नाले को मोड़ने का प्रयास किया जा रहा है इसके लिए डिजाइन बनाया जा रहा है लेकिन दुर्भाग्य जनक है कि एसटीपी के पंपिंग स्टेशन तक जो आईलैंड दर्शाया जा रहा है वह नाले के आउटलेट के पाइप की डिजाइन से छुटा हुआ है। निश्चित रूप से डिजाइन के फैल होने की संभावना है। उन्होंने जिला प्रशासन को तत संबंध में बारीकी से समीक्षा कर ठोस कार्य योजना बनाने के निर्देश दिए। श्री कानूनगो ने बैठक में प्रधानमंत्री विश्वकर्मा योजना, प्रधानमंत्री आयुष्मान वंदना योजना, निरामया योजना आदि के संबंध में जानकारी लेते हुए इसकी समीक्षा की और आवश्यक निर्देश दिए। श्री कानूनगो ने सिकल सेल एनीमिया से पीड़ित एवं एचआईवी से पीड़ित बच्चों को शासन से मिलने वाली आवश्यक सहायता राशि की जानकारी ली। उन्होंने वृद्ध जनों एवं दिव्यांग जनों के आयुष्मान कार्ड प्राथमिकता से बनाने के निर्देश दिए, साथ ही उन्होंने दिव्यांग जनों को कौशल विकास योजना के तहत प्रशिक्षित करने और उन्हें स्वरोजगार से जोड़ते हुए बैंक से ऋण राशि दिलाने के निर्देश दिए। श्री कानूनगो ने सभी ग्रामों में स्थित खेल मैदान की जानकारी ली, और प्रधानमंत्री पोषण आहार के अंतर्गत नियमित खाद्यान्नों का उठाव एवं प्रदाय मध्यान्न भोजन के लिए स्कूलों में करने के निर्देश दिए। महिला व बाल विकास विभाग के सहायक संचालक ने जिले में स्थित बालिका गृह, बाल कल्याण समिति, शिशु गृह जीवोदय संस्था, मुस्कान संस्था द्वारा किए जा रहे कार्यों के संबंध में जानकारी दी और बताया कि वर्ष 2025 – 26 के अंतर्गत पोक्सो एक्ट के अंतर्गत कुल 12 शिकायत प्राप्त हुई थी जिसमें नियम अनुसार कार्रवाई की गई। श्री कानूनगो ने कहा कि शहर मैं स्थित एक घाट एवं एक मोहल्ला का नाम जाति सूचक होना पाया गया है, यह भारत के संविधान, अस्पृश्यता निवारण कानून एवं भारत के प्रधानमंत्री की इच्छा के विरुध है। हमारी इच्छा शक्ति कहती है कि किसी की भी पहचान जाति सूचक ना हो, यह मानव अधिकार का भी घोर उल्लंघन है। उन्होंने जिला प्रशासन को निर्देश दिए की उस घाट एवं मोहल्ले का नाम परिवर्तन करने की कार्रवाई सुनिश्चित करें, साथ ही उन्होंने राम जानकी मंदिर के समीप संचालित अवैध मांस मटन की दुकान को बंद करने के निर्देश दिए और कहां की वार्ड 26 में एक सड़क के कारण आए दिन दो समुदायों में विवाद की स्थिति निर्मित होती है। इस स्थिति का संतोषजनक निवारण करना सुनिश्चित किया जाए। श्री कानूनगो ने कहां की स्व सहायता समूह की महिलाएं यदि स्वयं का अलग हटकर कुछ अन्य स्व रोजगार करना चाहे तो खादी ग्राम उद्योग की योजनाओं के माध्यम से छोटे-छोटे व्यवसाय कर लाभ अर्जित कर सकती है। उन्होंने कहा कि खादी एवं ग्राम उद्योग विभाग का सभी जगह मार्केट है। उन्होंने कहा कि स्व सहायता समूह की महिलाएं शहद संग्रहण करने का व्यवसाय शुरू कर सकती है, खादी एवं ग्राम उद्योग से उनका टाई अप करके शहद के व्यवसाय को बढ़ावा दिया जा सकता है। इसके पूर्व डिप्टी कलेक्टर डाक्टर बबीता राठौर ने बैठक की कार्य योजना के संबंध में विस्तृत जानकारी दी, अपर कलेक्टर बृजेंद्र रावत ने प्रियंक कानूनगो का पुष्पगुच्छ भेंट कर स्वागत किया। बैठक में पुलिस अधीक्षक साई कृष्ण एस थोटा, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी हिमांशु जैन, एडीएम अनिल जैन, वन मंडलाधिकारी गौरव शर्मा, उपसंचालक कृषि रविकांत सिंह सहित सभी संबंधित विभाग के अधिकारीगण उपस्थित रहे।
