नर्मदापुरम की सेहत सुधारने की गूंज राज्यसभा में: सांसद माया नारोलिया ने उठाई मल्टी-स्पेशियलिटी और ESIC अस्पताल की मांग
नई दिल्ली। आज राज्यसभा में शून्यकाल के दौरान मध्य प्रदेश से सांसद श्रीमती माया नारोलिया ने नर्मदापुरम जिले की स्वास्थ्य अवसंरचना (Health Infrastructure) की जर्जर स्थिति का मुद्दा पुरजोर तरीके से उठाया। उन्होंने सदन के माध्यम से केंद्र सरकार का ध्यान इस ओर खींचा कि जिले की बढ़ती जनसंख्या के मुकाबले वर्तमान चिकित्सा सुविधाएं न के बराबर हैं।
इलाज के लिए पलायन पर जताई चिंता ओर सांसद नारोलिया ने कहा, “नर्मदापुरम के नागरिकों को गंभीर बीमारियों, विशेषज्ञ परामर्श और आपातकालीन स्थिति में भोपाल या अन्य महानगरों की ओर भागना पड़ता है। यह न केवल आर्थिक रूप से बोझिल है, बल्कि समय पर उपचार न मिलने से कई बार मरीजों की जान पर बन आती है।”
श्रमिकों के हक में ESIC अस्पताल की मांग रखते हुए विशेष रूप से जिले के श्रमिक वर्ग का पक्ष रखते हुए उन्होंने कहा कि नर्मदापुरम में संगठित और असंगठित क्षेत्र के हजारों ईएसआईसी लाभार्थी श्रमिक रहते हैं। लेकिन जिले में अपना अस्पताल न होने के कारण इन श्रमिकों को बुनियादी चिकित्सा लाभों से वंचित रहना पड़ रहा है। उन्होंने श्रम मंत्रालय से जिले में तत्काल ईएसआईसी अस्पताल की स्थापना की प्रक्रिया शुरू करने का आग्रह किया।
केंद्र और राज्य के समन्वय पर जोर डालते हुए माया नारोलिया ने केंद्र सरकार से मांग की कि नर्मदापुरम में नए बहु-विशेषता वाले (Multi-Speciality) सरकारी अस्पतालों को शीघ्र स्वीकृति दी जाए और बजट का उचित प्रावधान किया जाए। उन्होंने राज्य सरकार के साथ समन्वय कर भूमि आवंटन और प्रशासनिक बाधाओं को समयबद्ध तरीके से दूर करने की भी पुरजोर अपील की।
